उद्धव ठाकरे बोले- BJP से बातचीत 2019 के बाद बंद:फडणवीस इंतजार करते रहे, लेकिन मैंने कॉल नहीं किया; संजय राउत की किताब की लॉन्चिंग
शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने शनिवार को कहा कि बीजेपी से बातचीत 2019 में बंद हुई और फिर कभी शुरू नहीं हुई। मुंबई में संजय राउत की नई किताब ‘बोध कीर्तन’ के विमोचन पर उद्धव ने यह बात कही। राउत शिवसेना (UBT) के सांसद और ‘सामना’ के कार्यकारी संपादक हैं। उद्धव ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के दो दिन पुराने बयान का भी जवाब दिया। फडणवीस ने कहा था कि उद्धव के फोन का वे हमेशा सकारात्मक जवाब देते थे, लेकिन 2019 के बाद उद्धव ने फोन नहीं किया। उद्धव ठाकरे ने कहा, “कुछ लोगों को फोन करना बंद हुआ... और फिर हमेशा के लिए बंद हो गया।” फडणवीस ने यह बात उस किताब के विमोचन कार्यक्रम में कही थी, जिसमें उद्धव ठाकरे और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे भी शामिल हुए थे। उन्होंने हल्के अंदाज में कहा था, “2019 के बाद उन्होंने फोन नहीं किया। मैं इंतजार करता रहा।” 2019 के बाद रिश्ते बिगड़े 2019 के विधानसभा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री पद को लेकर अविभाजित शिवसेना ने अपने लंबे समय के सहयोगी बीजेपी से नाता तोड़ लिया था। 2022 में शिवसेना में विभाजन के बाद दोनों दलों के रिश्ते और खराब हो गए। एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाला गुट बीजेपी के खेमे में शामिल हो गया था। मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर सवाल उद्धव ठाकरे ने अपने भाषण में यह भी कहा कि लोगों की सोचने की क्षमता खत्म हो गई है। उन्होंने इसके लिए मोबाइल फोन के जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल को जिम्मेदार बताया। उन्होंने कहा कि एक ओर मराठी में बोलने पर जोर दिया जाता है। लेकिन इसके लिए शुद्ध मराठी आना भी जरूरी है। वरना इसका कोई फायदा नहीं है। दो पावर प्रोजेक्ट का विरोध करजत में पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट के विरोध के बीच उद्धव ने एक और बिजली परियोजना का जिक्र किया। यह परियोजना सिंधुदुर्ग-कोल्हापुर सीमा पर है। उद्धव ने कहा कि इस परियोजना का भी विरोध किया जाएगा। किताब में नरेंद्र मोदी के भाषण पर लेख ‘बोध कीर्तन’ में संजय राउत के दार्शनिक विचार और उनके अनुभव शामिल हैं। किताब में अयोध्या में राम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिए भाषण पर एक लेख भी है। कार्यक्रम में राज ठाकरे ने पत्रकार के तौर पर संजय राउत के सफर का जिक्र किया। उन्होंने राउत और अपने 40 साल से ज्यादा पुराने संबंध के बारे में भी बताया। बाल ठाकरे का इंटरव्यू याद किया राज ठाकरे ने कहा कि पहले जब संजय राउत किसी दूसरी पत्रिका में काम करते थे, तब वे शिवसेना पर आलोचनात्मक लेख लिखते थे। इससे शिवसेना के संस्थापक बाल ठाकरे नाराज होते थे। राज ने राउत के साथ बाल ठाकरे के पहले इंटरव्यू को भी याद किया। यह इंटरव्यू एक पत्रिका के लिए हुआ था। MNS प्रमुख ने कहा कि बाल ठाकरे ने राउत के लिए कुछ अपशब्दों का इस्तेमाल किया था। राउत ने इन शब्दों को हटाए बिना इंटरव्यू प्रकाशित कर दिया था। राज ठाकरे के मुताबिक, बाल ठाकरे को राउत की यही बात पसंद आई थी। बाद में इसी वजह से राउत ‘सामना’ के कार्यकारी संपादक बने। ‘सामना’ शिवसेना का मुखपत्र है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)